चंडीगढ़:-  पंजाब में निर्माण कामगारों की लड़कियों के विवाह के अवसर पर दी जाने वाली शगुन की राशि पहली अप्रैल से 31000 रुपए से बढ़ाकर 51000 रुपए करने का ऐलान किया है। इसके साथ ही कोविड पॉजिटिव पाए जाने वाले कामगार या इनके पारिवारिक सदस्यों को 1500 रुपए की वित्तीय सहायता देने की भी मंज़ूरी दे दी है। इस आशय का फैसला मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिन्दर सिंह की अध्यक्षता में भवन एवं अन्य निर्माण कामगार कल्याण बोर्ड की कल शाम को हुई बैठक में लिया गया। कैप्टन सिंह ने शगुन हासिल करने की प्रक्रिया सरल करते हुए मौजूदा शर्त में किसी भी धार्मिक संस्था गुरुद्वारा, मंदिर और चर्च की तरफ से जारी किये गए विवाह सर्टिफिकेट को इस मंतव्य हेतु स्वीकार करने की मंजूरी दे दी। पचास प्रतिशत राशि एडवांस में हासिल की जा सकती है जबकि बाकी राशि सुधारे हुए नियमों के अंतर्गत सम्बन्धित आथॉरिटी की तरफ से जारी विवाह सर्टिफिकेट को जमा करवाने के बाद जारी की जायेगी। भवन एवं अन्य निर्माण कामगार कल्याण बोर्ड के साथ रजिस्टर्ड बेटियां इस स्कीम के अंतर्गत योग्य हैं।एक अन्य फ़ैसले के अनुसार निर्माण गतिविधियों के दौरान काम करते हुए हादसे में कामगार की मौत होने पर दो लाख रुपए का मुआवज़ा दिया जायेगा, चाहे वह निर्माण बोर्ड के साथ रजिस्टर्ड हो या नहीं बशर्ते वह निर्माण कामगार के तौर पर रजिस्टर्ड होने के योग्य हो। सरकारी प्रवक्ता के अनुसार कैप्टन अमरिन्दर सिंह ने विभिन्न कल्याण स्कीमों के अंतर्गत लाभ लेने के लिए आवेदन जमा करवाने की समय सीमा बढ़ाने का फ़ैसला किया। मौजूदा समय में यह सीमा छह महीने की थी जिसको बढ़ाकर एक साल करने का फ़ैसला किया गया है क्योंकि कई कामगार कोविड-19 महामारी के कारण आवदेन नहीं दे सके। इसके अलावा स्क्रीनिंग कमेटी की तरफ से पैंशन आवेदन रद्द करने की सूरत में निर्माण कामगार को सचिव बोर्ड के पास अपील करने का समय भी 90 दिन से बढ़ाकर 120 दिन कर दिया। लडक़ी जन्म उपहार योजना के अंतर्गत बोर्ड ने आवेदन जमा करवाने की समय सीमा बढ़ाने का फ़ैसला किया।

Crime News

Jalandhar News

नशा मुद्दा- भार्गव कैंप में इस युवक ने किस किस को डाला परेशानी में देखें, Share Video

बस्ती दानिशमंदा श्मशान घाट में तोड़ा पुराना शिव मंदिर विरोध दल बल के साथ पहुंची पुलिस ( Share VIdeo )

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *